सोशल मीडिया में "येशु-येशु" वाले "चमत्कार" को दिखाने वाले ईसाई पास्टर बजिन्दर सिंह को बलात्कार के आरोप में आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। पंजाब स्थित मोहाली कोर्ट ने यह सजा सुनाई है।
गौरतलब है कि ईसाई पादरी बजिन्दर सिंह ने एक स्थानीय महिला को विदेश में बसाने का लालच देकर उसका यौन उत्पीड़न किया। बजिन्दर ने पीड़िता को अपने घर ले जाकर उसके साथ बलात्कर किया और फिर रेप का वीडियो बनाकर महिला को धमकी देने लगा।
पीड़िता का बजिन्दर को सजा मिलने के बाद कहना है कि "यह केस 7 वर्षों से दबा हुआ था, लेकिन वकीलों, पुलिस एवं कोर्ट ने इसमें जान डाल दी और मुझे न्याय दिलाया।"
दरअसल मोहाली की रहने वाली एक महिला विदेश में बसना चाहती थी, जिसके बाद वह ईसाई पास्टर बजिन्दर सिंह के सम्पर्क में आई। बजिन्दर ने उसे विदेश में बसाने का भरोसा दिलाया और इसी बीच वह महिला को अपने घर ले गया। मोहाली स्थित सेक्टर 63 के अपने घर में बजिन्दर ने उस महिला के साथ रेप किया और उसका वीडियो बनाकर वायरल करने की धमकी देने लगा।
घटना के बाद पीड़िता ने मोहाली के जीरकपुर थाना में केस दर्ज कराया। केस दर्ज होने के बाद वर्ष 2018 में ही बजिन्दर सिंह को दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया। 7 वर्षों तक चले केस में कई तरह की तहकीकात हुई और अंततः ईसाई पास्टर ही दुष्कर्मी साबित हुआ। ईसाई पास्टर बजिन्दर को बीते 28 मार्च 2025 को दोषी करार दिया गया, जिसकी सजा आज 1 अप्रैल 2025 को सुनाई गई।
गौरतलब है कि पीड़िता के पति ने ईसाई पास्टर पर यह भी आरोप लगाया कि बजिन्दर ने उनके परिवार पर केस वापस लेने का अत्यधिक दबाव बनाया था। उन्हें प्रताड़ित करने के लिए झूठे केस दायर करवाए गए। सिर्फ इतना ही नहीं, बजिन्दर ने अपनी ताकत का दुरुपयोग करते हुए पीड़िता और उसके पति को ही जेल में रहने को मजबूर कर दिया था। लेकिन इन सब के बाद भी उन्होंने हार नहीं मानी, तब बजिन्दर ने पैसों का लालच देना शुरू किया। बजिन्दर ने 5 करोड़ रुपये तक का ऑफर किया।
दरअसल ईसाई पास्टर द्वारा महिला के साथ किए गए दुर्व्यवहार का यह एकमात्र मामला नहीं है। बीते 16 मार्च को बजिन्दर का एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें वह महिला से मारपीट करता हुआ नजर आ रहा था।
यह वीडियो 14 फरवरी का बताया गया, जिसमें बजिन्दर मोहाली की एक 40 वर्षीय महिला के साथ मारपीट कर रहा था। वहीं कपूरथला में ईसाई पास्टर बजिन्दर सिंह ने एक महिला का यौन उत्पीड़न किया है, जिसका मामला अभी भी कोर्ट में जारी है।
हत्या के केस में जेल जा चुका बजिन्दर सिंह 'द चर्च ऑफ ग्लोरी एंड विज़डम' का पास्टर है, जो पंजाब सहित कई स्थानों में ईसाइयत का प्रचार-प्रसार करता है। चंडीगढ़ के ताजपुर में चर्च स्थापित कर वहां से प्रार्थना सभा की शुरुआत करने वाले इस बजिन्दर सिंह पर अंधविश्वास फैलाने, हिंदुओं-सिखों को कन्वर्ट कर ईसाई बनाने और ईसाइयत का अवैध प्रचार करने का आरोप लगा है।